धरातल असमतल क्यों है?

 प्रश्न 

धरातल असमतल क्यों है?

उत्तर 

जैसा कि हम जानते हैं कि हमारी पृथ्वी तीन परतों से बनी है, सबसे बाहरी परत को भूपर्पटी  या धरातल कहा जाता है। यद्यपि पृथ्वी की भूपर्पटी  ठोस अवस्था में है, लेकिन यह स्थिर नहीं है , यह गत्यात्मक है।

धरातल असमतल होने  के दो कारण हैं:

आंतरिक बल में भिन्नता (अंतर्जात बल):

धरातल या भूपर्पटी ऊर्ध्वाधर और क्षैतिज दोनों दिशाओ में संचलित होती है। यह गति, पृथ्वी के आंतरिक भाग में सक्रिय आंतरिक शक्तियों के कारण होती है। पृथ्वी के अंदर रेडियोधर्मी तत्व या अन्य तत्व समान रूप से वितरित नहीं होते हैं, और इसलिए आंतरिक बल की तीव्रता हर जगह समान नहीं होती है। आंतरिक बल की तीव्रता में अंतर होने के कारण धरातल असमतल है।

बाहरी बल में भिन्नता (बहिर्जात बल):

बहिर्जात बल का मूल स्रोत सूर्य है और इसकी उत्पत्ति वायुमण्डल में होती है। जैसा कि हम जानते हैं कि सूर्यातप सभी अक्षांशों में समान नहीं होता है; परिणामस्वरूप तापमान और दबाव पूरी पृथ्वी की सतह पर समान नहीं होते हैं; तापमान और दबाव के अंतर के कारण, विभिन्न भू-आकृति एजेंटों जैसे पानी, हवा, हिमनद, लहर, तापमान आदि की तीव्रता पृथ्वी की धरातल पर समान नहीं होती है; परिणाम स्वरूप , यह पृथ्वी धरातल में असमानता उतपन्न करता है ।


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